वसई तहसील कार्यालय के आपूर्ति विभाग पर गंभीर आरोप, हर महीने 50 लाख रुपये की अवैध वसूली की चर्चा; , महा ई-सेवा केंद्रों और अधिकारियों की भूमिका पर सवाल।

रिपोर्टर- नजीर मुलाणी, वसई, महाराष्ट्र :- वसई तहसील कार्यालय के आपूर्ति विभाग में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार होने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। कुछ नागरिकों और माध्यमों के अनुसार, इस विभाग में हर महीने करीब 50 लाख रुपये की अवैध वसूली की जा रही है, जिससे पूरे तालुका क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। नए राशन कार्ड बनवाने, नाम जोड़ने या हटाने, अनाज बंद–शुरू करने जैसे कार्यों के लिए दलालों, महा ई-सेवा केंद्र और कुछ कर्मचारियों के बीच मिलीभगत होने का संदेह जताया जा रहा है। आरोप है कि तहसील कार्यालय में सरकारी समय के बाद भी (शाम 5 बजे के बाद) कई कामकाज किए जाते हैं। ऐसे में यह सवाल उठ रहा है कि इन कार्यों की अनुमति कौन दे रहा है और इसके लिए जिम्मेदार कौन है। इस पूरे मामले में आपूर्ति निरीक्षक अधिकारी भागवत सोनार पर भी सीधे आरोप लगाए जा रहे हैं। हालांकि, उन्होंने इन सभी आरोपों को सिधे से खारिज करते हुए कहा है कि, “मेरी छवि खराब करने के लिए मेरे खिलाफ झूठे आरोपों की साजिश रची जा रही है।” इस बीच, तहसील कार्यालय में CCTV कैमरे कार्यरत होने के बावजूद यदि दलाल खुलेआम दस्तावेज लेकर घूम रहे हैं, तो वे किसके संरक्षण में काम कर रहे हैं, इसकी गहन जांच की मांग की जा रही है। नागरिकों का कहना है कि यदि CCTV फुटेज की जांच की जाए, तो यह साफ हो सकता है कि कौन दलाल हैं, वे किस समय कार्यालय आते-जाते हैं और काम कैसे किए जाते हैं। यदि वास्तव में इतनी बड़ी मासिक वसूली हो रही है, तो माध्यमों के सामने खुली पत्रकार परिषद लेकर सच्चाई सामने रखी जाए और दोषी दलालों पर कड़ी कार्रवाई की जाए, ऐसी अपेक्षा जताई जा रही है। अन्यथा, इन आरोपों के सही होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता, ऐसी चर्चा भी चल रही है। इस मामले में दोषी अधिकारी हैं, दलाल हैं या महा ई-सेवा केंद्र, इसका फैसला वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की जाने वाली जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। यदि गरीब और जरूरतमंद नागरिकों को राशन से वंचित कर उनकी लूट की जा रही है, तो शासन को इस विषय को गंभीरता से लेकर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए, ऐसी जोरदार मांग की जा रही है। फिलहाल यह मामला आरोप–प्रत्यारोप तक सीमित है, लेकिन यदि निष्पक्ष और गहन जांच की जाती है, तो वसई तालुका की आपूर्ति व्यवस्था में छिपा वास्तविक भ्रष्टाचार उजागर हो सकता है, ऐसा जानकारों का कहना है।

  • Related Posts

    अंतरेश्वर महादेव मंदिर में धूमधाम से मना श्रीकृष्ण जन्मोत्सव: बच्चों ने फोड़ी मटकी, भजनों पर झूमे श्रद्धालु।

    रिपोर्टर – सुरेंद्र कुमार पंवार, जोधपुर, राजस्थान :- ​पृथ्वीराज नगर स्थित महाराजा पार्क के अंतरेश्वर महादेव मंदिर प्रांगण में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्व बड़े ही हर्षोल्लास और भक्तिभाव के…

    Read more

    पोरसा को हरा-भरा बनाने की बड़ी पहल: नगर पालिका लगाएगी ढाई हजार से अधिक पौधे|

    रिपोर्टर:-अजय सिंह तोमर, जिला मुरैना, मध्य प्रदेश:- पोरसा,,,,,,,,,श्रीनागाजी सरोवर में 350 छायादार एवं फलदार वृक्षों का होगा रोपण, शहर के डिवाइडर और बायपास रोड भी होंगे हरित शासन के निर्देशों…

    Read more

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    अंतरेश्वर महादेव मंदिर में धूमधाम से मना श्रीकृष्ण जन्मोत्सव: बच्चों ने फोड़ी मटकी, भजनों पर झूमे श्रद्धालु।

    अंतरेश्वर महादेव मंदिर में धूमधाम से मना श्रीकृष्ण जन्मोत्सव: बच्चों ने फोड़ी मटकी, भजनों पर झूमे श्रद्धालु।

    पोरसा को हरा-भरा बनाने की बड़ी पहल: नगर पालिका लगाएगी ढाई हजार से अधिक पौधे|

    पोरसा को हरा-भरा बनाने की बड़ी पहल: नगर पालिका लगाएगी ढाई हजार से अधिक पौधे|

    सर्जन वाइस एडमिरल मनीष होनवाड़ ने संभाला एएफएमसी के कमांडेंट का पद।

    सर्जन वाइस एडमिरल मनीष होनवाड़ ने संभाला एएफएमसी के कमांडेंट का पद।

    आर्य समाज मंदिरसुमेरपुर का श्रावणी ऊपाकर्म महोत्सव।

    आर्य समाज मंदिरसुमेरपुर का श्रावणी ऊपाकर्म महोत्सव।

    अन्नपूर्णा के देश में आज भी अधूरी है पोषण की थाली, तीन में एक बच्चा उम्र के हिसाब से कम वजन का।

    अन्नपूर्णा के देश में आज भी अधूरी है पोषण की थाली, तीन में एक बच्चा उम्र के हिसाब से कम वजन का।

    तेजतर्रार IAS अधिकारी दिव्या मित्तल ने दिया इस्तीफा

    तेजतर्रार IAS अधिकारी दिव्या मित्तल ने दिया इस्तीफा