रिपोर्टर – रूपाली हटवार, अमरावती, महाराष्ट्र :- खुर्द में सिपाही भर्ती प्रक्रिया का आदेश न देने के विरोध में तथा परीक्षा में पात्र (क्वालीफाई) हुए उम्मीदवारों को न्याय मिले, इस मांग के लिए श्री दीक्षित अरुणराव वानखड़े ने पंचायत समिति, वरुड़ के सामने दिनांक 15 अगस्त 2026 से आमरण अनशन शुरू किया है। इस अनशन को युवाशक्ति ग्रामविकास संगठन, वरुड़ तालुका ने अपना खुला और दृढ़ समर्थन दिया है। सरकार के नियमों का पालन करके पात्र और परीक्षा में उत्तीर्ण उम्मीदवारों को न्याय मिले, ग्रामपंचायत के कामकाज में पारदर्शिता और कानून का राज स्थापित हो, साथ ही संबंधित मामले की प्रशासन द्वारा तुरंत निष्पक्ष जांच की जाए, ऐसी मांग संगठन ने की है। अनशनकारियों की मांग के अनुसार, सिपाही भर्ती प्रक्रिया में संबंधित उम्मीदवारों के साथ अन्याय हुआ है तो उन्हें न्याय मिलने के साथ-साथ, सरकार के आदेश का उल्लंघन करके पद का दुरुपयोग होने की बात साबित होने पर संबंधितों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। इसके अलावा पिछले 18 महीनों का मानदेय और हुए आर्थिक नुकसान का मुआवजा मिले, ऐसी मांग भी की गई है। इस मामले का प्रशासन तुरंत संज्ञान लेकर पूरी भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच करे और दोषियों के पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई करे। साथ ही पात्र उम्मीदवारों को न्याय दिलाने के लिए सकारात्मक निर्णय लेकर आमरण अनशन समाप्त कराने के लिए उचित कदम उठाए, ऐसा रुख युवाशक्ति ग्रामविकास संगठन ने अपनाया है। “जब तक पात्र उम्मीदवारों को न्याय नहीं मिल जाता और संबंधित मामले की निष्पक्ष जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक युवाशक्ति ग्रामविकास संगठन अनशनकारियों के साथ मजबूती से खड़ा है,” ऐसा रुख संगठन ने घोषित किया है। वरुड़ तालुका अध्यक्ष पवन ठाकरे और उपाध्यक्ष पलाश वानखड़े ने संगठन की ओर से यह समर्थन घोषित किया है।






