रिपोर्टर – नजीर मुलाणी, माण, खुटबाव (सातारा), महाराष्ट्र :- नशामुक्ति की अनोखी मिसाल, महाराष्ट्र के लिए प्रेरणादायक गांव? माण तालुका का खुटबाव गांव आज नशामुक्ति अभियान की सफलता का प्रतीक बनकर उभरा है। गांव की महिलाओं, ग्रामस्थों, पुलिस पाटिल, सरपंच, सदस्यों और सभी समाज घटकों ने मिलकर गांव को नशामुक्त बनाने का संकल्प पूरा किया है? सबसे खास बात यह है कि गांव में शराब से जुड़े लोगों ने भी समाजहित को प्राथमिकता देते हुए इस अभियान का समर्थन किया। इसके परिणामस्वरूप पिछले डेढ़ वर्ष से गांव में नशामुक्त वातावरण कायम है और सामाजिक सौहार्द तथा भाईचारा मजबूत हुआ है? महिलाओं ने प्रशासनिक स्तर तक लगातार प्रयास कर इस अभियान को सफल बनाया। उनके संघर्ष और ग्रामस्थों की एकजुटता ने खुटबाव को पूरे महाराष्ट्र के लिए एक आदर्श गांव बना दिया है। नई पीढ़ी के सामने भी नशामुक्त और संस्कारित जीवन का उदाहरण प्रस्तुत हुआ है। गांव के सभी धर्मों और समाजों के लोग एक साथ मिलकर सामाजिक परिवर्तन की दिशा में कार्य कर रहे हैं। पुलिस पाटिल धनाजी चोपडे, सरपंच सुखदेव डुबल, ग्राम पंचायत सदस्य और महिलाओं की भूमिका इस सफलता में अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। अब मांग उठ रही है कि खुटबाव गांव के इस ऐतिहासिक कार्य का राज्य स्तर पर सम्मान किया जाए। जल्द ही गांव के प्रमुख पदाधिकारियों और महिलाओं के साक्षात्कार के माध्यम से इस सफलता की कहानी जन-जन तक पहुंचाई जाएगी। यदि किसी को देखना है कि नशामुक्त गांव कैसा होता है, तो उसे खुटबाव गांव जरूर आना चाहिए। खुटबाव आज सामाजिक जागरूकता, एकता और मानवता का जीवंत उदाहरण बन चुका है!






