पत्रकार:- रणजीत सिंह राजपुरोहित, राजस्थान, पाली :- सोजत तहसील के ग्राम धुरासनी में लोक देवता गौ रक्षक पाबु जी राठौड़ के प्राचीन प्रसिद्ध मन्दिर में हर वर्ष की भांति कल भव्य जागरण रखा गया जिसमें गायक अशोक सिंह राजपुरोहित धुरासनी व हुकमदास जी खाराबेरा ने भक्ति रस में श्रद्धालु को विभोर कर दिया, भक्त श्रद्धालुओं ने श्रवण लाभ लिया। स्थानीय जानकारों के अनुसार क्षेत्र में यह मन्दिर दुर दुर तक बड़ा आस्था व कष्ट निवारण का मुख्य केन्द्र रहा है दुर दुर से जातरु यहां मन्नत लेकर आते थे और आशा पुर्ण करते थे । समय चक्र और हताशा ब्रिटिश हुकूमत के समय छुत रोग के आगमन प्रकोप और मानव जीवन अस्त-व्यस्त हो जाने की स्थिति में पुजारी(भोपा) ने ग्रामीणों को कुछ निश्चित निर्देश दिये छुत रोग के चलते सावधानी बरतें व अन्य ग्रामों के लोगों के सम्पर्क में नहीं आना । यहां विषैले जीव जन्तुओं के काटने पर भी समाधान तक होता था । अतिविशिष्ट प्रभाव रहा पर अवमानना में पाबुजी यहां से नाराज़ होकर पाली के देवली गांव में चले गये थे । यहां वस्तिमान सेवड़ राज पुरोहित राठौड़ वंश के राजपुरोहित वंशानुगत रहे हैं। कुछ वर्षों पुर्व वापस भव्य नवीन मन्दिर बना पुनः विराजमान कराया तब से लगातार प्रति वर्ष जागरण रखी जाती हैं ।






