रिपोर्टर – नजीर मुलाणी, मुंबई ( महाराष्ट्र ), महाराष्ट्र :- ईमानदार, कर्तव्यनिष्ठ और सख्त प्रशासनिक अधिकारी के रूप में पहचान रखने वाले आईएएस अधिकारी तुकाराम मुंढे की खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) के आयुक्त पद पर नियुक्ति के बाद पूरे महाराष्ट्र में मिलावट, गुटखा, नकली दवाइयों और अवैध खाद्य कारोबार के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। “Safe Food, Safe Drugs, Safe Maharashtra” के उद्देश्य के साथ उन्होंने राज्यभर में सख्त कार्रवाई शुरू की है।
तुकाराम मुंढे ने किन-किन मुद्दों पर कार्रवाई की?
1) गुटखा और तंबाकू माफिया पर शिकंजा
– प्रतिबंधित गुटखा, पान मसाला और सुगंधित तंबाकू की बिक्री और भंडारण पर लगातार छापेमारी।
– कई मामले दर्ज, आरोपियों की गिरफ्तारी तथा करोड़ों रुपये का गुटखा जब्त।
2) दूध एवं दुग्ध उत्पादों में मिलावट के खिलाफ अभियान
– नकली दूध, पनीर, घी, दही और मावा बनाने वाली इकाइयों पर कार्रवाई।
– दूध में मिलावट रोकने के लिए 25 सख्त नियम लागू किए गए।
– कई जिलों में संयुक्त छापेमारी कर मिलावट करने वाले गिरोहों का भंडाफोड़ किया गया।
3) खाद्य पदार्थों में मिलावट पर सख्ती
– खाद्य तेल, आइसक्रीम, पीने का पानी, कृत्रिम रूप से पकाए गए फल और अन्य मिलावटी खाद्य पदार्थों पर कार्रवाई।
– कई प्रतिष्ठानों को सील किया गया तथा भारी मात्रा में मिलावटी सामान जब्त किया गया।
4) नकली और घटिया दवाइयों पर कार्रवाई
– अवैध दवा निर्माता, भ्रामक विज्ञापन और नियमों के विरुद्ध दवाइयों की बिक्री करने वालों पर कार्रवाई।
-लाखों रुपये की अवैध दवाइयां जब्त की गईं।
5) ड्रग्स और अवैध नेटवर्क पर निगरानी
– औषधि प्रशासन के अधिकार क्षेत्र में आने वाले प्रतिबंधित पदार्थों, अवैध दवाइयों और संगठित रैकेट के खिलाफ जांच और कार्रवाई तेज की गई।
6) होटल, अस्पताल और खाद्य व्यवसायों के लिए सख्त निर्देश
– सभी होटलों में ग्राहकों को मुफ्त स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश।
– अस्पतालों को मरीजों को किसी विशेष मेडिकल स्टोर से ही दवाइयां खरीदने के लिए मजबूर न करने का आदेश।
– खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई।
कार्रवाई का असर
तुकाराम मुंढे के नेतृत्व में पूरे महाराष्ट्र में सैकड़ों निरीक्षण, कई छापेमारी, गिरफ्तारियां, प्रतिष्ठानों को सील करने की कार्रवाई तथा करोड़ों रुपये का मिलावटी और अवैध माल जब्त किया गया है। उनकी सख्त कार्रवाई के बाद गुटखा माफिया, मिलावटखोरों और नकली दवा कारोबारियों में भय का माहौल देखा जा रहा है। आम जनता भी खाद्य एवं औषधि प्रशासन की इस मुहिम का स्वागत कर रही है।






