रिपोर्टर – नजीर मुलाणी, पालघर, महाराष्ट्र :- नायगांव पूर्व क्षेत्र में मैंग्रोव पर हो रहे अतिक्रमण का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है। रेतीबंदर के पास स्थित सर्वे नंबर 209 की जमीन पर बड़े पैमाने पर मैंग्रोव की कटाई कर अतिक्रमण किए जाने का आरोप स्थानीय नागरिकों ने लगाया है। इस मामले में प्रशासन की निष्क्रियता को लेकर लोगों में नाराजगी भी देखी जा रही है। मिली जानकारी के अनुसार यह जमीन राजस्व और वन विभाग के अधीन आती है। लेकिन एक बाहरी व्यक्ति द्वारा इस क्षेत्र में बड़ी मात्रा में मैंग्रोव पेड़ों की कटाई किए जाने की बात सामने आई है। पेड़ों को काटकर जमीन खाली करने की कोशिश की जा रही है, जिससे पर्यावरण को नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। कुछ दिन पहले वसई की विधायक स्नेहा दुबे-पंडित ने इस इलाके का दौरा किया था। निरीक्षण के दौरान मैंग्रोव कटाई का मामला सामने आने पर उन्होंने संबंधित स्थान से मिट्टी भराव और अतिक्रमण हटाने तथा जिम्मेदार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज करने के निर्देश प्रशासन को दिए थे। हालांकि, दौरे के बाद भी स्थिति में कोई खास बदलाव नहीं हुआ है, ऐसा आरोप स्थानीय नागरिकों ने लगाया है। उनका कहना है कि विधायक के निर्देशों के बावजूद वहां दोबारा सफाई कर जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की जा रही है।
इस मामले में राजस्व और वन विभाग द्वारा पंचनामा किए जाने की जानकारी सामने आई है, लेकिन अतिक्रमण रोकने के लिए ठोस कार्रवाई नहीं होने से लोगों में नाराजगी है। सामाजिक कार्यकर्ता एलायस डिसिल्वा ने भी प्रशासन पर सवाल उठाते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है। बताया जा रहा है कि संबंधित जमीन डंपिंग ग्राउंड के लिए आरक्षित है और इससे पहले भी संबंधित व्यक्ति पर मामला दर्ज किया गया था। ऐसे में नागरिकों ने इस प्रकरण में सख्त कार्रवाई की मांग की है।







