सरकार का निर्देश-पालन सरकारी बाबू और पंचायत के मुखिया नहीं कर रहे हैं

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गुमला, अमित राज : जहां एक ओर सरकार ने समाज के हर तपके के लोगो को खुले मे शौच से मुक्त कराने के लिए शौचालय निर्माण मे पानी की तरह पैसा बहा रही लेकिन आज भी पंचायत मे शौचालय योजना सफल कराने मे सरकारी बाबूओ और पंचायत के मुखिया नकाम रही है। बताते चले कि सिसई प्रखंड के बरगांव उतरी पंचायत मे आज भी लगभग 80% शौचालय ऐसे है जो अधूरा पड़ा हुआ है और जो कुछ शौचालय बना है वह बिल्कुल अनुपयोगी है ग्रामीण उसका इस्तेमाल नही कर, खुले मे शौच करने को मजबूर है कारण कि पंचायत मे मुखिया द्वारा बनवाई गई आधे से अधिक शौचालय मे जैसे तैसे शौच पेन डलवा दिया गया है जो जमीन दोज हो रहा है, कुछ शौचालय मे शौखता गड्डा ही नही खोदा गया है, तो कुछ मे दरवाजा ध्वस्त हो गया है, कुछ शौचालय मे छत नही है, तो कुछ शौचालय मे पाईप ही नही लगाया गया है तो कुछ का ढलाई छत फट गया है, तो कुछ शौचालय के शौखता गड्डा मे ढक्कन ही नही लगाया गया है। शौचालय निर्माण कार्य पंचायत के मुखिया सुनिता देवी के द्वारा अपने पंचायत मे ऐसा कराया गया है कि आज 80% ग्रामीण शौचालय का इस्तेमाल नही कर रहें है यही कारण है कि गांव के महिला पुरूष खुले मे शौच करने को मजबूर है जबकि शौचालय निर्माण कार्य के लिए मुखिया और जल सहिया के खाते  मे सरकार द्वारा राशि भेजी गई थी। उसके बावजूद भी शौचालय निर्माण की बदहाली ऐसी गवाही दे रही है कि शौचालय निर्माण के नाम पर जमकर सरकारी राशि की लूट हुई है। वही पंचायत के मुखिया सुनिता देवी अधूरा शौचालय निर्माण के बाद भी पंचायत को ऑडीएप भी कर दी है यह पंचायत के लोगो के लिए दुर्भाग्य नही तो और क्या है। पंचायत के ग्रामीणो का कहना है कि जितना भी शौचालय मुखिया द्वारा बनवाई गई है उसमे आधे से अधिक अनुपयोगी है क्योंकि शौचालय ढंग से बना ही नही है इसलिए खुले मे शौच करना पड़ता है ग्रामीण को। बरगांव पंचायत के जिन्दा गांव के वार्ड सदस्य लक्ष्मी महली ने बताया कि शौचालय का निर्माण मुखिया सुनीता देवी के द्वारा कराई गयी है लेकिन आधे से अधिक शौचालय निर्माण अधूरा कर छोड़ दिया गया है। कहने पर मुखिया कहती है कि कार्य पूर्ण कर दिया जाएगा एक साल होने को जा रहा है आज भी शौचालय वैसे ही अधूरा पड़ा हुआ है। हम लोगो की बात भी नही सुनती है और अभी तक मुखिया शौचालय निर्माण कार्य पूर्ण नहीं कराया है। जिन्दा गांव निवासी… सदान विकास मोर्चा के जिला अध्यक्ष सह झारखंड आंदोलनकारी मनोज वर्मा ने इस मामले मे बताया कि पंचायत के मुखिया सुनिता देवी शौचालय निर्माण मे भारी गड़बड़ी की है और सरकारी राशि का बंदरबांट की है आज भी पंचायत मे आधे से अधिक शौचालय अधूरा पड़ा हुआ है जिसका इस्तेमाल ग्रामीण नही कर रहे है उसके बाद भी पंचायत को मुखिया द्वारा ऑडिएफ कर सरकार को गुमराह की है लेकिन प्रशासन भी मुखिया पर कोई कार्रवाई नही कर रही है। जबकि शौचालय निर्माण की राशि भी निकल चुकी है। पंचायत के मुखिया से गांव के लोग उनके कार्यशैली से काफी नराज है। ऐसी मुखिया के उपर तो कारवाई होनी चाहिए।

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